नई दिल्ली: बेरोजगारी को लेकर भाजपा सांसद वरुण गांधी आज (28 जुलाई, 2022) फिर अपनी सरकार पर निशाना साधा। सांसद वरुण गांधी ने आज बेरोजगारी के मुद्दे पर अपनी ही सरकार से सवाल किया है। उन्होंने कहा,''ससंद में सरकार द्वारा दिए गए यह आँकड़े बेरोजगारी का आलम बयां कर रहे हैं| दरअसल, मोदी सरकार ने संसद में बताया कि 2014 से लेकर अब तक 22,05,99,238 युवाओं ने नौकरी के लिए आवेदन किया जबकि सरकार सिर्फ़ 7,22,311 लोगों की ही नौकरी दे पाई |
भाजपा सांसद वरुण गांधी ने गुरुवार को ट्वीट किया,''भाजपा सरकार से कहा कि,ससंद में सरकार द्वारा दिए गए यह आँकड़े बेरोजगारी का आलम बयां कर रहे हैं। विगत 8 वर्षों में 22 करोड़ युवाओं ने केंद्रीय विभागों में नौकरी के लिए आवेदन दिया जिसमें से मात्र 7 लाख को रोजगार मिल सका है। जब देश में लगभग एक करोड़ स्वीकृत पद खाली हैं, तब इस स्थिति का जिम्मेदार कौन है?
इससे पहले नमामि गंगे योजना को लेकर वरुण गांधी ने कहा,' , गंगा हमारे लिए सिर्फ नदी नहीं, 'मां' है। करोड़ों देशवासियों के जीवन, धर्म और अस्तित्व का आधार है मां गंगा। इसलिए नमामि गंगे पर 20,000 करोड़ का बजट बना। 11,000 करोड़ खर्च के बावजूद प्रदूषण क्यों? गंगा तो जीवनदायिनी है, फिर गंदे पानी के कारण मछलियों की मौत क्यों? जवाबदेही किसकी?
संसद में वरुण ने पेश किया निजी विधेयक
वरुण गांधी ने संसद में किसानों को एमएसपी की कानूनी गारंटी दिलवाने के लिए एक निजी विधेयक पेश किया है। वरुण गांधी ने कहा कि,''सानों को MSP की कानूनी गारंटी के लिए मैंने लोकसभा में निजी विधेयक रखा था।इसे निवर्तमान राष्ट्रपति श्री रामनाथ कोविंद जी ने सदन में बहस के लिए अनुशंसा दी। मैं उनका बहुत बहुत धन्यवाद करता हूं।किसानों के हित में इस विधेयक पर संसद में चर्चा होगी ऐसी आशा है।