वाशिंगट: भारत-अमेरिका 2+2 मंत्रिस्तरीय वार्ता में विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा,'भारत-अमेरिका के बीच चौथी 2+2 मंत्रिस्तरीय वार्ता में भाग लेना मेरे लिए बहुत खुशी की बात है। 2+2 प्रारूप का उद्देश्य हमारी साझेदारी को और अधिक एकीकृत बनाना है। ये तेजी से प्रासंगिक हो गया है क्योंकि हमारी साझेदारी का दायरा और तीव्रता लगातार बढ़ रही है|
एस. जयशंकर ने कहा,'हमारी भागीदारी का महत्वपूर्ण केंद्र हिंद-प्रशांत क्षेत्र से संबंधित है। हमने देखा है कि पिछले एक वर्ष में क्वाड ने तीव्रता से काम करते हुए नई ऊंचाई को छुआ है। इस संबंध में हमारी उपलब्धियों में व्यापक गूंज सुनाई दी है। आज हम इन मुद्दों की समीक्षा करेंगे|
2+2 मंत्रिस्तरीय वार्ता में अमेरिकी विदेश मंत्री ब्लिंकन ने कहा,'इन 2+2 मंत्रिस्तरीय वार्ताओं ने हमारे द्विपक्षीय संबंधों को मज़बूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है...आज की चर्चाएं पिछली सफल बैठकों पर आधारित होंगी। ये वैश्विक मामलों के दृष्टिकोण से एक महत्वपूर्ण क्षण है|
भारत-अमेरिका 2+2 मंत्रिस्तरीय वार्ता में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा,''महामारी के बावजूद भारत-अमेरिका सैन्य संबंधों में बढ़ोतरी हुई है। संचार में उच्च क्षमता, जानकारी साझा करने और आपसी रसद समर्थन में वृद्धि देखी गई है। ये हमारी रक्षा साझेदारी में बढ़ोतरी के पैमाने का प्रतिबिंब है|
राजनाथ सिंह ने कहा,''एक दशक के अंदर अमेरिका से हमारी रक्षा आपूर्ति नगण्य से बढ़कर 20 बिलियन डॉलर से अधिक हो गई। हम अमेरिकी कंपनियों द्वारा भारत में निवेश करने और मेक इन इंडिया प्रोग्राम में सहयोग करने की अपेक्षा करते हैं|
अमेरिकी रक्षा मंत्री लॉयड जे. ऑस्टिन III ने कहा,''हम द्विपक्षीय रक्षा प्राथमिकताओं की एक श्रृंखला पर चर्चा करने के लिए उत्सुक हैं, जिसमें गहन जानकारी साझा करना और औद्योगिक सहयोग शामिल है। इससे यह सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी कि हमारी सेनाएं किसी भी चुनौती का सामना करने के लिए तैयार हैं|