राहुल गांधी ने एलोविरा से बनाया साबुन: चाक पर मिट्टी का 'दिया' भी बनाया , राहुल गांधी का बाइसन मुकुट पहनाकर स्वागत
रायपुर: राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सांसद श्री राहुल गांधी एवं मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल वन धन विकास केन्द्र धमतरी के स्टॉल में पहुँचे। यहां एलोविरा समेत 11 तरह के वनोपज से बनाए जा रहे 21 तरह के उत्पादों की जानकारी अतिथियों को दी गई। स्व-सहायता समूह द्वारा कार्यक्रम स्थल पर ही बनाए जा रहे उत्पादों को देखकर सांसद श्री राहुल गांधी ने भी रुचि दिखाई और स्वयं भी एलोविरा से सोप (साबुन) बनाया। श्री राहुल गांधी द्वारा बनाया गया साबुन उन्हें उपहार स्वरूप दिया गया। वहीं वन विकास एवं रोजगार मिशन के डोम के अवलोकन के दौरान छत्तीसगढ़ राज्य हाथकरघा विकास एवं विपणन संघ की ओर से लगाए गए स्टॉल में भी सांसद श्री राहुल गांधी पहुँचे। यहां श्री गांधी को अपने बीच सहज रूप से पाकर बुनकर श्री नरसिंह देवांगन ने उन्हें छत्तीसगढ़ का राजकीय गमछा भेंट किया।
वन विकास एवं रोजगार मिशन के डोम में वनोपज और वन उत्पादों के बारे में जानने को लेकर सांसद श्री राहुल गांधी की उत्सुकता देखते ही बनी। वन धन विकास केन्द्र के विभिन्न स्टॉलों में पहुँचकर सांसद श्री राहुल गांधी ने उनके कार्यों और रोज़गार की जानकारी ली। छत्तीसगढ़ खादी एवं ग्रामोद्योग विभाग के स्टॉल में पहुँचे सांसद श्री राहुल गांधी को छत्तीसगढ़ में पैदा में होने वाले विभिन्न प्रकार के कोसा और उनसे बनने वाले उत्पाद, कपड़ा निर्माण और उनमें वैल्यू एडिशन जैसे गोदना, क़सीदाकारी, रुई (पोनी) से वस्त्रों के निर्माण की जानकारी दी गई। श्री राहुल गांधी ने स्व-सहायता समूह की महिलाओं से उनके रोज़गार के अवसरों के बारे में पूछा। इस दौरान एक समूह की सदस्य सुश्री नारायणी टेकाम ने उन्हें बताया कि उनके समूह द्वारा 21 तरह के उत्पाद बनाए जाते हैं। इसे बाज़ार में बिक्री पर समूह को महीने में 50-60 हज़ार रुपये की आमदनी हो जाती है। प्रत्येक सदस्य को महीने में 4-5 हज़ार की आय होती है।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में नई सरकार के गठन के बाद 7 से बढ़ाकर 61 वनोपजों की समर्थन मूल्य पर खरीदी की जा रही है। इससे वनवासियों के जीवन स्तर में सुधार देखने को मिल रहा है। वनोपजों की बिक्री से जहां वनवासियों को रोजगार मिला है, वहीं आर्थिक संबलता भी मिली है। वनोपज से विकास की गाथा को दर्शाने के लिए साइंस कॉलेज मैदान में वन विकास एवं रोजगार मिशन का डोम बनाया गया है।
छत्तीसगढ़ में उत्पादन होने वाले वनोपजों से बने उत्पादों की बिक्री श्छत्तीसगढ़ हर्बल्सश् ब्रांड नेम से की जा रही है। वन विकास एवं रोजगार मिशन के डोम में श्छत्तीसगढ़ हर्बल्सश् ब्रांड के विभिन्न उत्पादों को प्रदर्शित करता स्टॉल लगाया गया है। जहां स्व-सहायता समूह द्वारा निर्मित छत्तीसगढ़ हर्बल्स ब्रांड के उत्पाद हनी, महुआ कुकीज, बस्तर काजू, आँवले का मुरब्बा, च्यवनप्रॉश को मिलाकर प्रीमियम गिफ़्ट हैम्पर भी तैयार किया गया है। छत्तीसगढ़ हर्बल्स ब्रांड की जानकारी देते हुए एडमिनिस्ट्रेशन हेड डॉ. देवयानी शर्मा ने बताया कि “छत्तीसगढ़ हर्बल्स” ने विभिन्न उत्पादों की बिक्री कर बीते 9 महीने में ही 7 करोड़ रुपए की आमदनी की है। यह बीते वर्ष की बिक्री से 460 फीसदी ज़्यादा है।
“आमचो बस्तर” अभियान में दिखाई दिलचस्पी -
ज़िला प्रशासन बस्तर ओर से “आमचो बस्तर” अभियान के अंतर्गत बस्तर में ईको टूरिज़्म और एडवेंचर स्पोर्ट्स को प्रोत्साहित किया जा रहा है, जिसकी झलक वन विकास एवं रोज़गार मिशन के डोम में देखने को मिली। यहां सांसद श्री राहुल गांधी के सामने रॉक क्लाइंबिंग का प्रदर्शन किया गया। सांसद श्री राहुल गांधी को बताया गया कि “आमचो बस्तर पर्यटन यूनियन” में क़रीबन दो हज़ार से अधिक लोग जुड़े हुए हैं। इसमें ग्राम स्तरीय पर्यटन समिति, नाचा दल, होम स्टे, हस्त शिल्पकार शामिल हैं। सांसद श्री राहुल गांधी को बताया गया कि “आमचो बस्तर पर्यटन यूनियन” में क़रीबन दो हज़ार से अधिक लोग जुड़े हुए हैं। अतिथियों के सामने बस्तर टूरिज़्म को लेकर फ़िल्म का भी प्रदर्शन किया गया।
बस्तर थाली का स्वाद चखा -
वन विकास एवं रोज़गार मिशन के डोम में सांसद श्री राहुल गांधी एवं मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने मड़िया पेज, सल्फ़ी, चापड़ा चटनी, इमली चटनी, कांदा भाजी, देसी चिकन, लड्डू, गुड़ नारियल लड्डू, बस्तर कॉफी, आमट को शामिल कर सजाई गई “बस्तर की थाली” को देखा। कई तरह के व्यंजनों से भरी थाली और बस्तर के पेय पदार्थों को देखकर सांसद श्री राहुल गांधी के चेहरे पर अलग ही रोमांच नजर आया। उन्होंने सारे व्यंजनों की जानकारी ली उनका स्वाद चखा।
श्री राहुल गांधी का बाइसन मुकुट पहनाकर स्वागत
एक दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास पर रायपुर पहुँचे सांसद श्री राहुल गांधी का साईंस कॉलेज मैदान में लगाए गए बस्तर डोम में आदिवासी परम्परा और रीति से तिलक लगाकर तथा बाइसन मुकुट पहनकर स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने उन्हें बाइसन मुकुट पहनाया।
विभिन्न स्टॉलों में दिखी बस्तर के विकास की झलक
सांसद श्री राहुल गांधी ने विभिन्न स्टॉलों पर जाकर बस्तर के विकास की झलक देखी। शासकीय योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियो से मुलाकात कर उनके जीवन शैली में आए बदलाव से अवगत हुए। उन्होंने बस्तर के आसना से आये नर्तक दल के साथ फोटो भी खिंचवाई। श्री राहुल गांधी ने माटी कला बोर्ड के स्टॉल में चाक पर दीये को आकार दिया। विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों से मुलाकात के दौरान उन्हें तुम्बा टेबल लैम्प, मिट्टी से बनी बोतल और लकड़ी से बने पेन स्टैण्ड की भेंट भी मिली।
डेनेक्स ब्रांड का नेहरू जैकेट पहनकर बोले बहुत आरामदायक है
डेनेक्स के स्टाल पर महिलाओं ने उन्हें डेनेक्स में बना नेहरू जैकेट भेंट किया। श्री राहुल गांधी ने बड़ी आत्मीयता के साथ जैकेट पहनकर कहा कि यह बहुत आरामदायक है। सांसद श्री राहुल गांधी ने बस्तर डोम में दंतेवाड़ा के डेनेक्स के स्टॉल में रेडिमेड वस्त्र निर्माण में कार्यरत हारम गांव की शांति, प्रीति, संजना, बारसूर गांव की प्रियंका सहित वहां उपस्थित महिलाओं-युवाओं से बात की। उन्होंने उनके अनुभव जाने और आगे बढ़ते रहने के लिए प्रोत्साहित किया। नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा जिले में स्थापित इस यूनिट में डेढ़ हजार से अधिक परिवारों को रोजगार मिल रहा है। डेनेक्स से कई कंपनियों ने पांच साल के लिए साढ़े चार सौ करोड़ रुपये के एमओयू किये हैं।
श्री गांधी ने कोण्डागांव के कोंडानार ब्रांड के तीखुर से बनाए गए शेक और हलवा का आनंद भी लिया और बस्तर कैफे में दरभा के झीरम की फिल्टर कॉफी का स्वाद भी चखा। श्री राहुल गांधी बस्तर के इन उत्पादों के स्वाद की तारीफ करते हुए इनके प्रचार-प्रसार करने को कहा। झीरम क्षेत्र में 20 एकड़ में कॉफी का प्लांटेशन किया गया है। भित्तिचित्र कलाकार श्री पी.राव ने भित्तिकला से निर्मित दंतेश्वरी माई का चित्र श्री राहुल गांधी को भेंट किया। नक्सल प्रभावित नारायणपुर जिले के ग्राम तुमनार से आये श्री सुकमन ने सांसद श्री राहुल गांधी को लौकी सुखाकर बनाया गया आकर्षक तुम्बा लाइट लैंप भेंट किया। वही सूपगांव के चमरू राम ने श्री राहुल गांधी को पानी रखने की मिट्टी से बनी बॉटल और लकड़ी से बना पेन स्टैंड भेंट किया। श्री गांधी से स्नेह पूर्वक मिली आकर्षक भेंट के लिये दोनों को धन्यवाद दिया।
सांसद श्री राहुल गांधी ने सुकमा के मुख्यमंत्री सुपोषण योजना के लाभान्वितों से मुलाकात की और बच्चों के स्वास्थ्य में हुए सुधार के बारे में पूछा। राश्मिता की माँ ने बताया कि पहले राश्मिता का वजन 8 किलो था और वह बहुत कमजोर थी। फिर एनआरसी में भर्ती कर उसका निःशुल्क इलाज़ हुआ और दो महीने में ही उसका वजन 9 किलो 200 ग्राम हो गया है। अब वह स्वस्थ और एक्टिव हो गई है। सांसद श्री राहुल गांधी ने राश्मिता को पोषण आहार भी खिलाया।
सासंद श्री राहुल गांधी ने सर्व छत्तीसगढिया समाज एकता परिसर के प्रतिनिधियों से आत्मीय भेंट की। श्री राहुल गाँधी ने समाज के श्री सुरेश कर्मा एवं श्री हीरा लाल से चर्चा की। उन्होंने बताया कि दंतेवाड़ा जिले के 12 अलग-अलग समाज के लोगों की सामाजिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों हेतु एक विशाल परिसर में भवन हेतु 5 एकड़ भूमि का आवंटन शासन द्वारा किया गया है। यह कार्य लोगों को सामाजिक एवं सांस्कृतिक रूप से एकजुट करेगा। इस परिसर के विकास के लिए 5 करोड़ रूपए की स्वीकृति दी गई है। समाज के प्रतिनिधियों ने धान से निर्मित राहुल गांधी का छाया चित्र उन्हें भेंट भी किया। श्री गांधी बस्तर अकादमी आफ डांस आर्ट, लिटरेचर एंड लैंग्वेज संस्था ’बादल’ के प्रतिनिधियों से मिले। इसकी स्थापना बस्तर के लोक नृत्य, लोकगीत, स्थानीय भाषा साहित्य और शिल्पकला को संरक्षित करने के लिए की गई है। बादल के सदस्य श्री गिरधर कश्यप, साजुराम मौर्य, पिलाराम कश्यप ने इसे जिला प्रशासन की अनूठा पहल बताया।
सासंद श्री राहुल गांधी ने बस्तर पपीता स्टाल का अवलोकन किया। बस्तर जिले के दरभा ब्लाक के तीरथगढ़ में पपीता का उत्पादन बड़े पैमाने पर हो रहा है। 1500 महिलाओं द्वारा 10 एकड़ में 5500 पौधे रोपे गए हैं। मात्र 6 महीने में ही इससे 225 टन पपीता का उत्पादन हुआ है और 29 लाख आय हुई है। हेमा कश्यप ने बताया कि यह हम सबका जीवन बदलने वाली खेती है।
उन्होंने प्रदर्शित गिरदाल पारा हाइड्रो पावर बेस्ड पंपिंग स्किम इरिगेशन जिला सुकमा के मॉडल को देखा। यहां बिना बिजली एवं बिना अन्य ईंधन के 24 घंटे सिंचाई होती है। इससे सैकड़ों किसान लाभान्वित हो रहे हैं। योजना से 80 एकड़ क्षेत्र में सिचाई हो रही है और 46 किसान लाभान्वित हो रहे हैं।सांसद श्री राहुल गांधी ने कांकेर वैली सीताफल परियोजना के स्टॉल में सीताफल से पल्प और आइसक्रीम बनाने की तकनीक का अवलोकन किया। स्टाल में श्री सतीश मिश्रा ने बताया कि जिले में सीताफल से 5 हजार परिवारों को रोजगार मिल रहा है। श्री गांधी ने दंतेवाड़ा जिला अंतर्गत वनोपज से समृद्धि की ओर स्टाल का अवलोकन किया। यहां महुआ से बने विभिन्न उत्पादों का प्रदर्शन किया गया है। उन्होंने रागी, कोदो, कुटकी की प्रोसेसिंग यूनिट का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने मिलेट्स से बने उत्पादों के बारे में जानकारी ली।
सासंद राहुल गांधी ने कलागुड़ी का अवलोकन भी किया। बस्तर जिले में ढोकरा (बेल मेटल), रॉट आयरन, तुम्बा, शिशल, काष्ट, बांस आदि प्राचीन कलाओं के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए कलागुड़ी की पहल के साथ विशेष प्रयास किया गया है, इससे 500 से भी अधिक कारीगरों के परिवार लाभांवित हो रहे हैं। श्री राहुल गांधी ने ढोकरा शिल्प के शिल्पी राजेन्द्र बघेल से शिल्प बनाने में लागत, मार्केटिंग की जानकारी ली। शिल्पी राजू राव ने भित्ति चित्र की बारीकियों की जानकारी दी।
माटी कला बोर्ड के स्टाल में श्री राहुल गांधी ने चाक में हाथ आजमाए और मिट्टी के दिये को आकार दिया। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने भी मिट्टी के दिये बनाये। सांसद राहुल गांधी ने स्वामी आत्मानंद इंग्लिश मीडियम स्कूल सुकमा, कांकेर और जगदलपुर के विद्यार्थियों से बात की। श्री गांधी से जगदलपुर की अनुति, अंश चौधरी और कांकेर के आशीष दुर्गे से पढ़ाई के बारे में पूछा। बच्चो द्वारा इंग्लिश में फर्राटेदार बातचीत से श्री ग़ांधी खासे प्रभावित हुए। उन्होंने बच्चों को मन लगाकर पढ़ने और आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।
सांसद श्री राहुल गांधी ने नारायणपुर जिले के नक्सल प्रभावित इलाकों में गर्भवती महिलाओं को प्रसूति के लिए अस्पताल तक पहुचाने उपयोग की जाने वाली बाइक एम्बुलेंस सुविधा की जानकारी ली। बस्तर के नक्सल प्रभावित इलाकों में इन बाइक एम्बुलेंसों से संस्थागत प्रसव और गर्भवती महिलाओं को समय पर इलाज़ की सुविधा मिल रही है। अकेले नारायणपुर जिले में ही 07 बाइक एम्बुलेंसों से अभी तक साढ़े तीन हज़ार से अधिक गर्भवती महिलाओं और लगभग एक हज़ार 100 कुपोषित बच्चों को इलाज के लिए अस्पताल पहुँचाया जा चुका है। इस दौरान मंत्रीगण मौजूद थे।
क्रमांक: 7376/सोलंकी
चाक पर मिट्टी का दिया बनाया

श्री राहुल गांधी का बाइसन मुकुट पहनाकर स्वागत

