प्रयागराज: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में पुलिस ने नकली प्लेटलेट्स बेचने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। थाना कोतवाली पुलिस व SOG नगर की संयुक्त टीम ने नकली प्लेटलेट्स बेचने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 10 लोगों को गिरफ़्तार किया है। नकली प्लेटलेट्स बेचने वाले गिरोह के कब्जे से 18 पाउच प्लाज्मा, 03 पाउच तथाकथित प्लेटलेट्स, नकली प्लेटलेट्स की बिक्री से प्राप्त 1 लाख 2 हजार रुपये नकद, 3 दो पहिया वाहन व 13 मोबाइल किये गये। अभियुक्तों से बरामद प्लाज्मा व कथित प्लेटलेट्स को विस्तृत जांच हेत लैबोरेटरी भेजा गया है।
गिरोह के लोग प्राइवेट अस्पताल के फर्जी कागज तैयार करते थे। फिर ब्लड बैंक से 300 रुपए में एक पैकेट प्लाज्मा खरीदते थे।एक पैकेट प्लाज्मा में 350 एमएल होता है। इसके बाद 50-50 ml के 7 पैकेट तैयार करते थे। जिन्हें 5-5 हजार रुपए में बेचते थे।
प्रयागराज पुलिस ने बताया कि, डेंगू बीमारी के फलस्वरूप प्लेटलेट्स की बढ़ी हुई मांग के दृष्टिगत मरीज एवं तीमारदारों को गलत ढंग से मनमानी कीमत पर प्लेटलेट्स बेचने वाले गिरोह के सम्बन्ध में थाना कोतवाली प्रभारी निरीक्षक अमर सिंह रघुवंशी व SOG प्रभारी राजेश उपाध्याय के नेतृत्व में संयुक्त टीम ने शुक्रवार को ( 21.10.2022 को) 10 अभियुक्तों को एसआरएन मर्चरी के पिछले गेट के निकट गोबर गली से गिरफ्तार किया गया।
इन 10 लोगों की हुई गिरफ्तारी
पकड़े गए लोगों (10 आरोपियों की) की पहचान 1-प्रयागराज के थाना सराय इनायत क्षेत्र के लीलापर गावं निवासी सुनील पांडे पुत्र कमला शंकर पांडे; 2-प्रयागराज के थाना कोरांव क्षेत्र के गजाधरपुर गावं निवासी दिलीप शुक्ला पुत्र गुलाब चंद्र शुक्ला; 3 प्रयागराज के थाना करछना क्षेत्र के देवरिया कला निवासी प्रदीप कुमार पटेल पुत्र राधेश्याम; 4- थाना करछना क्षेत्र के घटवासन आई गावं निवासी दिलीप पटेल पत्र शिव बरन सिंह; 5-प्रयागराज के थाना कोरांव क्षेत्र के गड़ा गावं निवासी योगेश्वर सिंह पुत्र ज्ञानेश्वर सिंह ; 6- प्रयागराज के थाना कोरांव क्षेत्र के गड़ा गावं निवासी राघवेंद्र सिंह उर्फ राहल पटेल पुत्र लखेश्वरी प्रसाद सिंह; 7- जनपद मिर्जापुर के थाना लालगंज क्षेत्र के ग्राम दक्षिण निवासी प्रवीण पटेल पुत्र जीत नारायण पटेल; 8-जनपद मिर्जापुर के थाना लालगंज क्षेत्र के घमर मैना गावं निवासी विकास पटेल पत्र विनय पटेल; 9- मिर्जापुर के थाना लालगंज क्षेत्र के पूरा लोकल गावं निवासी अभिषेक पटेल पुत्र संतोष और जनपद देवरिया के थाना माइल क्षेत्र के घर में महालिया गावं निवासी सरफराज पुत्र मंजूर अंसारी
5000 रुपये प्रति पाउच यूनिट की कीमत में बेचते थे
प्रारंभिक पूछतांछ में अभियुक्तों द्वारा बताया गया कि हम लोग निर्धारित शुल्क पर ब्लड बैंक से प्लाज्मा खरीदते हैं जिसमें लगभग 350 ml प्लाज्मा रहता है। खाली पाउच व नकली रैपर की व्यवस्था करके 50-50 ml प्लाज्मा पाउच में रखकर प्लेटलेट्स बताते हुये जरूरतमंद लोगों को 3000 से 5000 रुपये प्रति पाउच यूनिट की कीमत में बेचते थे। (यानी 300 रुपए का प्लाज्मा खरीदकर बाजार में 35 हजार तक बेचते थे)
प्रयागराज पुलिस ने बताया कि, यह लोग विगत काफी समय से मरीज के कई तीमारदारों को प्लाज्मा से तैयार कथित प्लेटलेट्स बेचने का काम कर रहे हैं। पूछतांछ में अभियुक्तों द्वारा बताया गया कि हम सभी लोगों का एक गैंग है जिसमें अभियुक्त सरफराज ग्लोबल लैब में काम करता है। गैंग के कुछ सदस्य विभिन्न अस्पतालों से ऐसे मरीजों की जानकारी एकत्रित करते थे जिन्हें प्लेटलेट्स की आवश्यकता हो तथा अन्य सदस्य तीमारदारों को विश्वास में लेकर स्वयं को ब्लड बैंक का स्टाफ बताकर प्लेटलेट्स की व्यवस्था करने की बात करते थे तथा योजनाबद्ध तरीके से स्वयं द्वारा प्लाज्मा से तैयार कथित प्लेटलेट्स मरीज के तीमारदारों को मनमाने दामों पर बेच देते थे। अभियुक्तगण से विस्तृत पूछतांछ की जा रही है।
नकली प्लेटलेट्स जरूरतमंद लोगों को बेचते थे: एसएसपी
एसएसपी शैलेश कुमार पांडे ने बताया कि,सूचना के आधार पर पुलिस ने 10 लोगों को गिरफ़्तार किया है, जो नकली प्लेटलेट्स जरूरतमंद लोगों को बेचते थे। ये लोग ब्लड बैंक से प्लाज्मा लेते थे, उसे अलग-अलग पाउच में भरकर, प्लेट्लेट्स का स्टीकर लगाकर जरूरतमंद लोगों को बेच देते थे|
प्लेटलेट्स की जगह मौसमी का जूस चढ़ाने से डेंगू पेशेंट की मौत
बता दें किप्रयागराज के झलवा स्थित ग्लोबल हॉस्पिटल में डेंगू पेशेंट को प्लेटलेट्स की जगह मौसमी का जूस चढ़ाने से उसकी मौत हो गई थी|प्रदीप पांडेय नाम के डेंगू मरीज को एक निजी अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया था| आरोप है कि यहीं मरीज को प्लेटलेट्स की जगह मौसमी का जूस चढ़ा दिया गया, जिससे उसकी जान चली गई| मामले के सोशल मीडिया में आने के बाद प्रशासन ने अस्पताल को सील कर दिया था|